Judiciary in India
न्यायिक व्यवस्था
दरकता विश्वास
क पुरानी प्रचलित कहानी है। दो महिलाएं एक राजा के दरबार में आती हैं। उनके साथ एक छोटा बच्चा होता है। दोनों इस बात पर झगड़ रही हैं कि बच्चे की माँ कौन है? काफी देर तक दोनों अपने तर्क देती रहीं और झगड़ा बढ़ता गया। जब काफी समय बीत गया तो राजा ने सेनापति को बुलाया और कहा कि बच्चे के दो टुकड़े कर दो और दोनों के बीच में बाँट दो। तब उनमे से एक महिला जोर से चिल्लाई कि 'ऐसा मत करो। बच्चे को दूसरी महिला को ही दे दो। कम से कम मेरा बच्चा जिदा तो रहेगाÓ। तुरंत न्याय हो गया और साथ ही साथ इस बात का फैसला भी कि बच्चे पर हक किसका होना चाहिए ?
अब इस केस को भारत की वर्तमान न्याय व्यवस्था के अनुरूप देखते हैं। पहले ये केस सेशन कोर्ट में चलेगा। दोनों पीडि़त पक्ष एक-एक वकील करेंगे। कागजात जमा होंगे। शपथ पत्र लिए जाएंगे। इसके बाद महीनों के अंतर पर तारीखे पड़े...








