Shadow

TOP STORIES

राष्ट्रीय सरकार क्यों न बने?

राष्ट्रीय सरकार क्यों न बने?

addtop, TOP STORIES, राष्ट्रीय
संसदीय चुनाव दस्तक दे रहा है। सत्ता पक्ष खम ठोक कर अपने वापिस आने का दावा कर रहा है और साथ ही विपक्षी दलों के गठबंधन को अवसरवादियों का जमावाड़ा बता रहा है। आने वाले दिनों में दोनों ओर से हमले तेज होंगे। कुछ अप्रत्याशित घटनाएं भी हो सकती हैं। जिनसे मतों का ध्रुवीकरण किया जा सके। पर चुनाव के बाद की स्थिति अभी  स्पष्ट नहीं है। हर दल अपने दिल में जानता है कि इस बार किसी की भी बहुमत की सरकार बनने नहीं जा रही। जो दूसरे दलों को अवसरवादी बता रहे हैं, वे भी सत्ता पाने के लिए चुनाव के बाद किसी भी दल के साथ गठबंधन करने को तत्पर होंगे। इतिहास इस बात का गवाह है कि भजपा हो या कांग्रेस, तृणमूल हो या सपा, तेलगुदेशम् हो या डीएमके, शिवसेना हो या राष्ट्रवादी कांग्रेस, रालोद हो या जनता दल, कोई भी दल, अवसर पडऩे पर किसी भी अन्य दल के साथ समझौता कर लेता है। तब सारे मतभेद भुला दिये जाते हैं। चुनाव के पहले की कटुत...
स्वस्थ भारत यात्रियो का कर्नाटक में प्रवेश, के.एच.आई. ने किया समर्थन

स्वस्थ भारत यात्रियो का कर्नाटक में प्रवेश, के.एच.आई. ने किया समर्थन

addtop, TOP STORIES, प्रेस विज्ञप्ति
कर्नाटक के घटप्रभा स्थित कर्नाटक हेल्थ इंस्टिट्यूट ( के.एच.आई.) के प्रमुख और विख्यात डाँ. घनश्याम वैद्य ने कनेरी मठ से चलकर के.एच.आई पहुंचे स्वस्थ भारत यात्रा-2 के यात्रियो से कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में स्वस्थ भारत यात्रा न केवल महत्वपूर्ण है बल्कि देश में इस तरह की यह अकेली पहल भी है। उन्होने कहा कि आज के दौर में  चिकित्सा के क्षेत्र में लोग अकेले पड गए हैं और वे पर्याप्त और जरूरी जानकारी के अभाव में तवाह हो रहे हैं। दवा कम्पनियाँ केवल अपने मुनाफे के लिए लूट में शामिल हैं। मरीजो की उन्हे कोई परवाह नहीं। ऐसे में स्वस्थ भारत यात्रा आम लोगो के हित में सहायक साबित होगी। डाँ. वैद्य ने स्वस्थ भारत यात्रा के यात्रियो का स्वागत और अभिनंदन करते हुए कहा कि महात्मा गांधी की प्रेरणा से 80 वर्ष पहले ग्रामीण स्वास्थ्य के लिए स्थापित के.एच.आई महात्मा गांधी के विचारो के  अनूरूप कार्य करती आ रही ह...
कनेरी मठ से स्वामी जी का संदेश, अपनाएं निरोगी जीवन पद्धति

कनेरी मठ से स्वामी जी का संदेश, अपनाएं निरोगी जीवन पद्धति

addtop, TOP STORIES, प्रेस विज्ञप्ति
श्री क्षेत्र सिद्धगिरि मठ के 49वें मठाधिपति श्री काडसिद्धेश्वर स्वामी जी ने स्वस्थ भारत यात्रा-2 को देश के गरीब और बीमारियों और उसके कारगर इलाज से अंजान लोगों के लिए बहुत उपयोगी व सराहनीय बताया है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे स्वस्थ भारत यात्रा का हर जगह स्वागत करें और हर संभव उनको सहयोग भी करें। स्वामी जी ने देशवासियों के यह संदेश उनसे मिलने आए स्वस्थ भारत यात्रा-2 के प्रमुख आशुतोष कुमार सिंह और उनके सहयोगियों से बातचीत के दौरान दिया। उन्होंने कहा कि हमें ऐसी जीवन पद्धति अपनानी चाहिए, जिससे हम बीमार ही न हो। उन्होंने कहा कि इस उद्देश्य को लेकर उनके मठ की ओर से गांव-गांव में स्वच्छता अभियान के साथ योग शिविरों के आयोजन, बच्चों को पोषण के लिए स्वर्ण घोल देने के साथ जहर-मुक्त खेती को बढावा देने के लिए विभिन्न कार्यक्रम किए जा रहे हैं। उन्होंने जेनरिक दवाइयों को बढावा देने की जरूरत प...
महागठबंधन देश हित या स्वार्थ

महागठबंधन देश हित या स्वार्थ

addtop, TOP STORIES, विश्लेषण
'मंजिल दूर है, डगर कठिन है लेकिन दिल मिले ना मिले हाथ मिलाते चलिए’, कोलकाता में विपक्षी एकता के शक्ति प्रदर्शन के लिए आयोजित ममता की यूनाइटिड इंडिया रैली में कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खडग़े का यह एक वाक्य 'विपक्ष की एकता’ और उसकी मजबूरी दोनों का ही बखान करने के लिए काफी है। अपनी मजबूरी के चलते ये सभी दल इस बात को भी नजरअंदाज करने के लिए मजबूर हैं कि यह सभी नेता जो आज एक होने का दावा कर रहे हैं वो सभी कल तक केवल बीजेपी नहीं एक दूसरे के भी 'विपक्षी’ थे। सच तो यह है कि कल तक ये सब एक दूसरे के विरोध में खड़े थे इसीलिए आज इनका अलग अस्तित्व है क्योंकि सोचने वाली बात यह है कि अगर ये वाकई में एक ही होते तो आज इनका अलग अलग वजूद नहीं होता। दरअसल कल तक इनका लालच इन्हें एक दूसरे के विपक्ष में खड़ा होने के लिए बाध्य कर रहा था, आज इनके स्वार्थ इन्हें एक दूसरे के साथ खड़े होने के लिए विवश कर रहे हैं। क्...
कांग्रेस बनाम गैर कांग्रेसी विपक्ष

कांग्रेस बनाम गैर कांग्रेसी विपक्ष

addtop, BREAKING NEWS, TOP STORIES, विश्लेषण
सन 2014 के आम चुनावों में जीत के बाद और हालिया विधानसभा चुनावों के पहले तक भारतीय जनता पार्टी का अजेय होने का जो मिथक था, वह टूटता नजर आ रहा है। मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी को मिली हार ने उसके प्रति बनी राष्ट्रीय अवधारणा में दरार डाल दी है। तीन हिंदीभाषी राज्यों में भाजपा की हार कितनी बड़ी है, और उसका असर कितना गहरा है, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उत्तर पूर्व में इकलौती जगह यानी मिजोरम में कायम कांग्रेस का सफाया हो गया, लेकिन कांग्रेस की यह हार मिजोरम के बाहर बड़ी खबर तक नहीं बनी। कांग्रेस की उस तेलंगाना में भी करारी हार हुई, जहां पांच साल पहले तक उसका राज होता था। वह तेलंगाना उस अविभाजित आंध्र का हिस्सा था, जिसकी बदौलत 2004 में कांग्रेस की केंद्रीय सत्ता में वापसी हुई थी। जिसमें अविभाजित आंध्र के पूर्व मु यमंत्री वाईएस राजशेखर रेड्डी ने बड़ी भू...
कितने दागदार हैं आलोक वर्मा

कितने दागदार हैं आलोक वर्मा

addtop, TOP STORIES, विश्लेषण
ये पहली बार सुना कि एक सरकारी अफसर ने दिली चाहत ज़ाहिर की है कि उसे उसके मन का ही विभाग मिले। अगर नहीं मिलेगा तो वह उसे संभालेगा ही नहीं। वह सरकारी नौकरी से इस्तीफा दे देगा। यही तो किया पिछले ह ते देश की सर्वोच्च संस्था सीबीआई के निदेशक आलोक वर्मा ने। उनकी सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई के निदेशक पद पर बहाली कर दी थी। उसके बाद उन्हें सरकार की उच्चस्तरीय समिति ने एक नई जि मेदारी दे दी। पर उनके दुस्साहस को तो देखिए कि उन्होंने उस नए पद को लेने से ही मना कर दिया। क्या कोई अर्ध-सैनिक वर्दीधारी पदाधिकारी इस तरह का आचरण कर सकता है? जब मोदी सरकार ने आलोक वर्मा को सीबीआई निदेशक बनाया था, तब तो उन्होंने इस पद को खुशी-खुशी हथिया लिया था। जबकि उन्हें इस विभाग में पहले काम करने का रत्तीभर भी अनुभव नहीं था। कहते हैं कि तब सीबीआई निदेशक के नाम पर विचार के लिए बुलाई उच्चस्तरीय समिति बैठक में विपक्ष के नेता म...
मुंबइकर महिलाओं ने जाना जेनरिक दवाइयों का महत्व

मुंबइकर महिलाओं ने जाना जेनरिक दवाइयों का महत्व

addtop, TOP STORIES, प्रेस विज्ञप्ति
सूरत से चलकर मुंबई पहुंचे स्वस्थ भारत यात्रा के यात्रियों का मुंबईकर महिलाओं ने हर्षोल्लास के साथ कुंकुम और पुष्प गुच्छ देकर स्वागत किया। स्वस्थ भारत यात्रा के प्रमुख आशुतोष कुमार सिंह ने मुंबई को स्वस्थ भारत अभियान का प्रेरक स्थल बताते हुए कहा कि आज पूरे देश में स्वास्थ्य को लेकर मेरे व मेरे सहयोगियों, समर्थकों द्वारा छेड़े गए अभियान का प्रेरणा स्थल मुंबई ही है। श्री सिंह ने सात साल पहले अपने मुंबई प्रवास के दिनों को याद करते हुए कहा कि मुझे एक गर्भवती महिला के इलाज के दौरान हुई महंगी दवाइयों के नाम पर लूट ने बहुत व्यथित किया। इस व्यथा ने ही महंगी दवाइयों के खिलाफ आंदोलन को जन्म दिया। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह आंदोलन जब शुरू हुआ तो इस आंदोलन का सूत्रधार गर्भ में था लेकिन आज वह करीब 7 साल का हो चुका है। 7 वर्षीय सिद्दिद यादव आज अपने फिटनेस को लेकर जितना संजीदा है वह इस अभियान ...
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के विचारार्थ कुछ प्रश्न

राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के विचारार्थ कुछ प्रश्न

addtop, TOP STORIES, विश्लेषण
पिछले हफ्ते ट्वीटर पर मैंने सरसंघचालक जी से एक खुले पत्र के माध्यम से विनम्रता से कहा कि मुझे लगता है कि संघ कभी-कभी हिन्दू धर्म की परंपराओं को तोड़कर अपने विचार आरोपित करता है।  जिससे हिंदुओं को पीड़ा होती है। जैसे हम ब्रजवासियों के 5000 वर्षों की परंपरा में वृन्दावन और मथुरा का भाव अलग था, उपासना अलग थी व दोनों की संस्कृति भिन्न थी। पर आपकी विचारधारा की उत्तर प्रदेश सरकार ने दोनों का एक नगर निगम बनाकर इस सदियों पुरानी भक्ति परम्परा को नष्ट कर दिया, ऐसा क्यों किया? इसका उत्तर मिला कि संघ का सरकार से कोई लेना देना नहीं है। देश की राजनीति, पत्रकारिता या समाज से सरोकार रखने वाला कोई भी व्यक्ति क्या यह मानेगा कि संघ का सरकार से कोई संबंध नहीं होता ?सच्चाई तो यह है कि जहां-जहां भाजपा की सरकार होती है, उसमें संघ का काफी हस्तक्षेप रहता है। फिर ये आवरण क्यों ? यदि भाजपा संघ की विचारधारा व संगठन से...
स्वस्थ भारत यात्रा का सूरत में अभूतपूर्व समर्थन, निकाली बाइक महारैली

स्वस्थ भारत यात्रा का सूरत में अभूतपूर्व समर्थन, निकाली बाइक महारैली

addtop, TOP STORIES, प्रेस विज्ञप्ति
बापू को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद बुधवार को साबरमती आश्रम से निकली स्वस्थ भारत यात्रा-2 गुरुवार को सूरत पहुंची। सिटी ऑफ सन सूरत में यात्रा दल का जगह-जगह जोरदार स्वागत हुआ। दल के सदस्यों ने सूरत महानगरपालिका में स्थित दर्जनों प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि केन्द्रों का निरीक्षण किया। दल के प्रमुख आशुतोष कुमार सिंह ने कारगिल चौक, पुनागाम स्थित प्रधानमंत्री जनऔषधि केन्द्र का उद्घाटन भी किया। यहां सैकड़ों स्थानीय नागरिकों ने श्री सिंह का अभिनंदन किया। इस अवसर पर श्री सिंह ने कहा कि यहां उपस्थित सभी जन जरूरत पड़ने पर जनऔषधि का ही प्रयोग करें और अपने आस-पास के रहने वालों को भी इसके लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि स्वस्थ भारत (न्यास) जनऔषधि को लेकर फैले भ्रम को लगातार दूर करने का काम कर रहा है। इसी कड़ी में हमलोग 21000 किमी की यात्रा पर निकले हैं। हम चाहते हैं कि लोगों के मन में जनऔषधि अथवा जे...
जब एक-तिहाई कैंसर से बचाव मुमकिन है तो यह जन-स्वास्थ्य प्राथमिकता क्यों नहीं?

जब एक-तिहाई कैंसर से बचाव मुमकिन है तो यह जन-स्वास्थ्य प्राथमिकता क्यों नहीं?

addtop, TOP STORIES, विश्लेषण
वर्ल्ड कैंसर डे वेबिनार रिकॉर्डिंग ऑनलाइन:https://www.youtube.com/watch?v=9pisuJGk1UU&t=2507s भारत सरकार की राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति 2017 का लक्ष्य है कि गैर-संक्रामक रोग जैसे कि कैंसर का दर और असामयिक मृत्यु दर में 2025 तक 25% गिरावट आये. पर अनेक कैंसर दर और मृत्यु दर बढ़ोतरी पर है! "यदि सरकार को राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति के लक्ष्य पूरे करने हैं तो यह सुनिश्चित करना होगा कि कैंसर दरों में बढ़ोतरी न हो बल्कि तेज़ी से गिरावट आये. विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार एक तिहाई कैंसर से बचाव मुमकिन है. तम्बाकू और शराब सेवन में तेज़ी से गिरावट, शारीरिक व्यायाम और गतिविधियों में वृद्धि होना, पौष्टिक आहार, आदि से न सिर्फ कैंसर नियंत्रण बल्कि जन स्वास्थ्य पर भी व्यापक रूप से सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा" शोभा शुक्ला ने वर्ल्ड कैंसर डे वेबिनार को संचालित करते हुए कहा. शोभा शुक्ला, लोरेटो कान्वेंट कॉलेज से स...