सनातनी, सेवाभावी व कर्मयोगी डॉ मदन मोहन अग्रवाल
स्वर्गीय डॉ मदन मोहन जी : जीवन वृत
सनातनी, सेवाभावी व कर्मयोगी डॉ मदन मोहन अग्रवाल
एक समाजसेवी, व्यवसायी व गृहस्थ के रूप में
एक क्षेत्रीय बैंक के लिपिक बाबू धनप्रकाश गुप्ता और उनकी पत्नी द्रौपदी देवी के घर पर बिजनौर जिले के धामपुर कस्बे के आवास में 13 अगस्त 1938 को पुत्र 'मदन’ का जन्म हुआ तो मानो समय ही बदल गया। भाग्य लक्ष्मी ने घर में डेरा डाल दिया। पिता धन प्रकाश कुछ ही दिनों में बैंक के प्रबंधक बन गए और गरीबी में जी रहे परिवार के तो जैसे दिलद्दर ही दूर हो गए। एक ओर जहां धन प्रकाश के घर खुशियों की बरसात होने लगी वहीं कुल 6 बहन (मिथलेश, राजेश्वरी, लक्ष्मी, सुमन, नीरजा, साधना) व एक भाई (रामअवतार) के आगमन के साथ ही अगले कुछ वर्षों में 'मदन’ एक बड़े किंतु प्रतिष्ठित परिवार के लाडले व केंद्र बिंदु बनते गए। धामपुर के प्रसिद्ध कॉलेज एस एन इन्टर कॉलेज से 12वीं तक पढ़ाई करने के बाद...









