
कहानी : हादसा
कभी जीवन में कुछ ऐसे छोटे छोटे पल आते हैं जो अपनी गहरी छाप छोड़ जाते हैं I कभी कभी कुछ साधारण से दिखने वाले विकल्प, हमे आइना दिखाते हैं, और बताते हैं कि हम किस मिट्टी से बने हैं I समय की रफ़्तार ऐसी है की एक बार बिता पल वापस नहीं आता I दूसरा मौका शायद कभी नहीं मिलता है I लेकिन सवाल ये है, कि अगर दूसरा मौका मिल भी जाए, तो हम क्या करेंगे ? क्या हम अपने अंतरात्मा के धरातल पर रहके निर्णय ले पाएंगे? एक ऐसे ही हादसे का मैं आज वर्णन करने जा रहा हूं । बात कई साल पहले की है, सर्दियों के मौसम की I उस धुंधले से कोहरे में हुआ ये किस्सा मेरे जेहन में एकदम साफ़ है I
सुबह के 6:30 बजे थे और मैं अपने एक मित्र को स्टेशन पर लेने जा रहा था। कुछ आलस था, कुछ वो समय, और कुछ खाली सड़क पर गाड़ी चलाने का नशा, कि मैं तेज रफ़्तार से गाड़ी चला रहा था I मैं चौराहे से मुड़ा ही था कि तभी एक लड़की मेरी कार के सामने आ गयी I मैंन...