छप्पन भोग का रहस्य
छप्पन भोग का रहस्यभारतीय संस्कृति में प्रत्येक परिवार में लगभग षड़रस युक्त भोजन बनाया जाता है। ये परिवार के सदस्यों के लिए सुपाच्य, शक्तिवर्धक तथा रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने वाला होता है। इन षड़रसों के नाम हैं- १. मधुर, २. अम्ल, ३. लवण, ४. कटु, ५. तिक्त और ६. कषाय। भोजन के आवश्यक तत्व कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, वसा, विटामिन तथा खनिज लवण ये सभी इस भोजन में निहित हैं। इस भोजन को बनाने में पवित्रता तथा स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा जाता है। खाद्य सामग्री की शुद्धता भी अति आवश्यक होती है।मंदिरों में छप्पन भोग परम्परा का निर्वहन बड़ी श्रद्धा-भक्ति के साथ किया जाता है। महिलाएँ अपने-अपने घरों से भोग सामग्री बना कर लाती हैं। भोग लगाया जाता है। समाज के सदस्य सपरिवार इस कार्यक्रम में सम्मिलित होते हैं। पूजा आरती करते हैं। छप्पन भोग प्रसाद का वितरण किया जाता है। द्वारकाधीश मंदिर, श्रीनाथ जी मंदिर तथ...









