Shadow

विश्लेषण

कमजोर हो चुकी कांग्रेस कई तरीकों से मजबूत हो सकती है

कमजोर हो चुकी कांग्रेस कई तरीकों से मजबूत हो सकती है

addtop, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, Uncategorized, राज्य, राष्ट्रीय, विश्लेषण
राजस्थान में कांग्रेस सरकार का भविष्य जो भी हो, इससे इंकार नहीं किया जा सकता कि एक राष्ट्रीय राजनीतिक दल के तौर पर कांग्रेस काफी कमजोर हो चुकी है। कुछ राज्यों में कांग्रेस को बहुमत मिला और कुछ में वह सबसे बड़ा दल बनकर उभरी लेकिन आज कांग्रेस उनमें से कई में विरोधी दल बनकर बैठने पर मजबूर हुई है। इस सर्वज्ञात तथ्य के बावजूद हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि कांग्रेस दुनिया की सबसे पुरानी और सबसे बड़ी पार्टियों में रही है। कांग्रेस जितने वर्षों तक इस विशाल देश में सत्तारुढ़ रही है, शायद दुनिया की कोई पार्टी नहीं रही है। आज भी देश का कोई जिला ऐसा नहीं है, जहां कांग्रेस के कार्यकर्ता न हों। कांग्रेस के अध्यक्षों में किस धर्म, किस जाति, किस प्रांत, किस भाषा और किस योग्यता के लोग नहीं रहे ? सबसे बड़ी बात यह है कि देश की आजादी का बहुत बड़ा श्रेय कांग्रेस को ही है। तो ऐसी कांग्रेस का अत्यंत निर्बल हो जाना य...
परीक्षाओं में कम अंक लाने वालों को शाबाशी ?

परीक्षाओं में कम अंक लाने वालों को शाबाशी ?

addtop, राज्य, विश्लेषण, समाचार, संस्कृति और अध्यात्म, सामाजिक
सच में फिर से वही हो रहा है, जिसकी आशंका थी। जैसी ही सीबीएसई के 10 वीं और 12 वीं कक्षा के नतीजे आए, बस उसी समय अनेक ज्ञानी लोग मैदान में कूद  गए। ये ही वे प्रकांड ज्ञानी हैं जो हर बार की तरह अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों की उपलब्धियों को कम करके आंक रहे हैं और उन विद्यार्थियों  को सांत्वना दे रहे हैं जिनके अपेक्षाकृत खराब अंक आए हैं।  ये अधिक अंक लेने वालों की मेहनत और निष्ठा पर लगभग पानी फेरते हुए यह कह रहे हैं कि यह कैसे हो सकता है कि किसी के 98 या 99 फीसद तक अंक आ जाएं?  यह सब कहते- हुए ये इस तथ्य की अनदेखी कर रहे हैं कि इन परीक्षाओं के परिणामों में हजारों बच्चे तो फेल भी हुए हैं। सैकड़ों के 40-50 पर्सेट तक ही अंक आए हैं।  क्या आप यकीन करेंगे कि कुछ कथित ज्ञानी तो यहां तक रहे हैं कि जिनके बेहतर अंक आए हैं उनमें से बहुत से आईआईटी, मेडिकल या फिर आईआईएम में जायेंगे, पर कोई भी न तो कोरो...
Delhi Police and Justice-Delivery-System should co-ordinate to flush out gangsters in Delhi now active in recovery-process after lockdown

Delhi Police and Justice-Delivery-System should co-ordinate to flush out gangsters in Delhi now active in recovery-process after lockdown

addtop, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार, सामाजिक
Gangsters are reported to have been active in Delhi known for torturing and life-threatening recovery-process especially after lockdown when many loan-takers are not in position to pay-off loans. Even banks and Non-Banking-Financial-Companies NBFCs are said to have hire such gangster-teams some of which are even controlled by their heads in jail because of poor-most justice-delivery-system where justice can practically be achieved only through god-drafted police-encounters. Loan-takers are threatened of being killed in case such illegal activities are reported to police. There are big advocates hired by such gangster-agencies to save them in case of any police-action or court-case. Lt Governor and Chief Minister of Delhi should take up the matter with Chief Justice of Delhi High Court s...
उदारवादियों के सिलेक्टिव लिब्रलिस्म से पर्दा उठने लगा है।

उदारवादियों के सिलेक्टिव लिब्रलिस्म से पर्दा उठने लगा है।

addtop, BREAKING NEWS, CURRENT ISSUE, EXCLUSIVE NEWS, Today News, TOP STORIES, Uncategorized, राज्य, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार, संस्कृति और अध्यात्म, सामाजिक
आज हम उस समाज में जी रहे हैं जिसे अपने दोहरे चरित्र का प्रदर्शन करने में महारत हासिल है। वो समाज जो एकतरफ अपने उदारवादी होने का ढोंग करता है, महिला अधिकारों, मानव अधिकारों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर बड़े बड़े आंदोलन और बड़ी बड़ी बातें करता है लेकिन जब इन्हीं अधिकारों का उपयोग करते हुए कोई महिला या पुरूष अपने ऐसे विचार समाज के सामने रखते हैं तो इस समाज के कुछ लोगों को यह उदारवाद रास नहीं आता और इनके द्वारा उस महिला या पुरुष का जीना ही दूभर कर दिया जाता है। वो लोग जो असहमत होने के अधिकार को संविधान द्वारा दिया गया सबसे बड़ा अधिकार मानते हैं वो दूसरों की असहमती को स्वीकार ही नहीं कर पाते। हाल ही के कुछ घटनाक्रमों पर नज़र डालते हैं। 1.हाल ही में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी की एक छात्रा को सोशल मीडिया पर धमकी दी गई है कि यूनिवर्सिटी खुलने के बाद उसे जबरन पीतल का हिजाब पहनाया जाएगा। उसक...
कार्यस्थलों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित नई कोविड-सुरक्षा यूनिट

कार्यस्थलों के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित नई कोविड-सुरक्षा यूनिट

addtop, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, Uncategorized, जीवन शैली / फिल्में / टीवी, राज्य, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार, सामाजिक
नई दिल्ली, 17 जुलाई (इंडिया साइंस वायर): कोविड-19 के संक्रमण से बचाव के लिए शोधकर्ता विभिन्न युक्तियां खोजने में जुटे हुए हैं। दुर्गापुर स्थित सेंट्रल मेकैनिकल इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीएमईआरआई) के शोधकर्ताओं ने इस दिशा में काम करते हुए नया ‘कोविड प्रोटेक्शन सिस्टम’ (कॉप्स) ईजाद किया है जो कार्यस्थलों पर कोविड-19 का संक्रमण रोकने में उपयोगी हो सकता है। कॉप्स सिस्टम में संपर्क रहित सोलर आधारित ऑटोमेटेड मास्क डिस्पेंसिंग यूनिट और थर्मल स्कैनर (इंटेलिमास्ट) लगाया गया है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इंटरनेट ऑफ थिंग्स पर आधारित यह सिस्टम स्वचालित कामकाज में मददगार होगा। सीएमईआरआई द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है कि यह तकनीक व्यावसायिक हस्तांतरण के लिए तैयार है। निकट भविष्य में सीएमईआरआई की योजना एक डिजिटल एंट्री मैनेजमेंट सिस्टम विकसित करने की है। सोलर आधारित इंटेलिमास्ट ...
प्रकृति हमें कब बचाएगी

प्रकृति हमें कब बचाएगी

addtop, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, Uncategorized, विश्लेषण, समाचार, संस्कृति और अध्यात्म, सामाजिक, साहित्य संवाद
इस दुष्काल में हुए लॉक डाउन ने भारतीयों को प्रकृति का सानिध्य महसूस कराया था हम घर में रहते हुए सुबह की मंद बयार और गौधुली की उष्मा महसूस करने लगे थे | लॉक डाउन-१ हटा हो या २  हालत बदतर ही  हुए | अब उद्योग खुलने के साथ पर्यावरण सूचकांक फिर डराने लगा है | सच भी है कोई भी व्यावहारिक कारोबार हमेशा इस बात को लेकर चिंतित रहेगा कि वह वो सब करे करे जिन पर उसका कारोबार निर्भर है। पर्यावरण कार्यकर्ताओं का विरोध ठप है क्योंकि लॉकडाउन के कारण लोग एकत्रित नहीं हो सकते। ऐसे में अब तक उनकी अनदेखी करता आया मंत्रालय अब क्यों ध्यान देगा? सच तो यह है कि सारा भारतीय समाज जिस पर्यावरण की निर्मलता से निरापद रहेगा | उस पर्यावरण के मोर्चे पर देश  पिछड़  रहा है |इस  नाकामी का एक मानक येल विश्वविद्यालय के पर्यावरण प्रदर्शन सूचकांक में दिखता है। सन २०२०  में जारी सूचकांक में भारत १८०  देशों में १६८ वें स्थान पर रहा...
गोधन न्याय योजना अच्छी, पर राह कच्ची

गोधन न्याय योजना अच्छी, पर राह कच्ची

Uncategorized, विश्लेषण, समाचार, सामाजिक
छत्तीसगढ़ में भूपेश सरकार ने महत्वाकांक्षी गोधन न्याय योजना की घोषणा की है जिसे हरेली के पावन दिवस से प्रारंभ की जाएगी। योजना के संबंध में दिशानिर्देश भी शासन ने जारी कर दिया है। यह देश में गौवंश के संरक्षण और पशुपालकों की सहायता के लिए अच्छी सोच का परिणाम है। लेकिन जैसे की शासकीय योजनाओं के साथ होता है नौकरशाही की रुचि नहीं होने और जल्दी परिणाम की उम्मीद में जब तेज भागने लगते हैं तो योजना हांफने लगती है, गोधन योजना के साथ इस परिणाम की संभावना अधिक है। इसलिए सरकार को इस योजना को लागू करने में और अच्छा परिणाम पाने के लिए थोड़ा धीरज रखने की जरूरत है। गोबर की सरकारी खरीद करने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है, इसलिए बिना किसी अनुभव के योजना को प्रारंभ करना मुश्किल होता है। इस बात में कोई शक नहीं है कि गाय के गोबर और मूत्र से अनेक उत्पाद बनाकर लाभकारी व्यवसाय किए का सकते हैं। दूसरी ओर छत्...
मार्च 2021 तक कोरोना से 28 लाख मौत – भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) बेंगलुरु

मार्च 2021 तक कोरोना से 28 लाख मौत – भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) बेंगलुरु

addtop, BREAKING NEWS, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, राज्य, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार
भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) बेंगलुरु ने एक स्टडी में दावा किया है की 1 सितम्बर 2020 तक देश में 35 लाख कोरोना संक्रमित होगे, जबकि बेंगलुरु में 2.1 लाख कोरोना संक्रमित होगे | भारत में इस समय कोरोना वायरस तेजी से बढ़ रहा है | ऐसे में इस स्टडी का महत्व बढ़ जाता है | इनके द्वारा यह दावा वर्तमान में कोरोना संक्रमण की बढ़ती गति के आधार पर किया गया है | इसी अवधि तक सक्रीय कोरोना केस की संख्या पुरे देश में 10 लाख रहेगी जबकि कर्नाटका में सक्रीय कोरोना संक्रमित की संख्या 1 सितम्बर 2020 तक 71,300 रहेगी | भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc) बेंगलुरु का यह भी दावा है की यदि संक्रमण पर कुछ नियन्त्रण हो पाता है तो 1 सितम्बर 2020 तक कोरोना संक्रमण संख्या पुरे देश में 20 लाख होगी जिनमे से सक्रीय केस 4.75 लाख रहेगी और इस संक्रमण से मरने वाले लोगो की संख्या 88000 संभावित है | कर्नाटका के सन्दर्भ में इस अवधि में...
IIT Delhi launched low cost COVID-19 test kit

IIT Delhi launched low cost COVID-19 test kit

addtop, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार
New Delhi, Jul 15 (India Science Wire): According to World Health Organisation (WHO) testing is the key to combat novel coronavirus. With large population testing in large number is prohibitive in Indian conditions. Keeping this in mind a low-cost COVID-19 test kit developed by Indian Institute of Technology (IIT) Delhi has been launched. According to the researchers the current testing methods available are “probe-based”, while the one developed by them is a “probe-free” method, which reduces the testing cost even while the accuracy is not compromised. Normal RT-PCR technology uses custom-synthesised probe that looks for a specific region of the particular viral RNA, in this case novel coronavirus. The primer and the probe bind to specific locations along the specific viral genome...
भारत के लिए खतरा है चीन—ईरान गठजोड़

भारत के लिए खतरा है चीन—ईरान गठजोड़

addtop, BREAKING NEWS, EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, राज्य, राष्ट्रीय, विश्लेषण, समाचार, सामाजिक
भारत के पड़ौसी देशों में चीन का दबदबा पहले से बढ़ा हुआ है लेकिन अब उसने ईरान पर भी डोरे डाल दिए हैं। अब वह ईरान में 400 बिलियन डाॅलर की पूंजी लगाएगा। अगले 25 साल के दौरान होनेवाले इस विनियोग से ईरान में क्या-क्या नहीं होगा ? सड़कें बनेंगी, रेलें डलेंगी, बंदरगाह खड़े होंगे, बैंकिंग और संचार को नए आयाम मिलेंगे, नए अस्पताल और स्कूल खुलेंगे। फौजी सहयोग बढ़ेगा। चीन ईरानी फौजियों को प्रशिक्षित करेगा, शस्त्रास्त्र देगा, जासूसी-सूचना का आदान-प्रदान करेगा और ‘आतंकवाद’, आदि से लड़ने में मदद करेगा। यह खबर निकली है, उस 18 पेज के दसतावेज़ से, जो न्यूयार्क टाइम्स में छपा है। कोई आश्चर्य नहीं कि चीन को ईरान अपना सामरिक अड्डा बनाने के लिए भी कोई जगह दे दे। यदि ऐसा हुआ तो चीन खाड़ी और पश्चिम एशिया के क्षेत्रों में अपना वर्चस्व कायम करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। वह ईरान को अपना अड्डा बनाकर अमेरिका के ‘पिट्ठुओं’ इस...