Shadow

TOP STORIES

भारत के चांद तक के सफर की पूरी कहानी

भारत के चांद तक के सफर की पूरी कहानी

BREAKING NEWS, TOP STORIES, राष्ट्रीय, सामाजिक
भारत ने 90 के दशक में जब पहला ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण वाहन (पीएसएलवी) लाॅन्च किया तभी से चांद की रहस्यमयी सतह छूने के वैज्ञानिक प्रयास तेज हो गए। लगभग तीन दशक बाद आखिरकार भारत ने इतिहास दर्ज करते हुए चंद्रमा के उस अंधेरे भू-भाग को छू लिया जिसे दुनिया के बड़े और विकसित देश भी दर्जनों मून मिशन के जरिए नहीं कर पाए। भारत अब चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव यानी अंधेरे पक्ष का उजाला दुनिया के सामने रख रहा है। चंद्रयान-3 लगातार मानव कल्याण के लिए हर वो जानकारी साझा कर रहा है जिससे दुनिया का दूसरे उपग्रह या ग्रहों का सफर आसान हो जाएगा By Rohini K Murthy  यह चंद्रमा की पहली फार साइड फोटो है। अक्टूबर 1959 में लूना 3 स्पेसक्राफ्ट को कजाकिस्तान के बैकोनूर कॉस्मोड्रोम से लॉन्च किया गया था। यह तीसरा स्पेसक्राफ्ट था जो चंद्रमा पर पहुंचा और इसने पहली बार मून फार साइड की फोटो भेजी। फोटो : ना...
गरीबी हटाओ’ में गरीब हट गए, लेकिन गरीबी नहीं हटी

गरीबी हटाओ’ में गरीब हट गए, लेकिन गरीबी नहीं हटी

BREAKING NEWS, TOP STORIES, समाचार
अन्तर्राष्ट्रीय गरीबी उन्मूलन दिवस- 17 अक्टूबर, 2023‘गरीबी हटाओ’ में गरीब हट गए, लेकिन गरीबी नहीं हटी -ललित गर्ग - दुनियाभर में फैली गरीबी के निराकरण के लिए ही संयुक्त राष्ट्र ने साल 1992 में हर साल 17 अक्टूबर को विश्व स्तर पर गरीबी उन्मूलन दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की। अंतर्राष्ट्रीय आंदोलन एटीडी फोर्थ वर्ल्ड के संस्थापक जोसेफ रेसिंस्की की मृत्यु के चार साल बाद, संयुक्त राष्ट्र ने आधिकारिक तौर पर इस दिवस को मनाने की घोषणा की। जोसेफ रेसिंस्की ने पेरिस में लगाये गये गरीबी उन्मूलन अभियान के मूल स्मारक पत्थर पर उत्कीर्ण पाठ में जहां भी पुरुषों और महिलाओं को अत्यधिक गरीबी में रहने की निंदा करते हुए इसे मानवाधिकारों का उल्लंघन कहा और यह सुनिश्चित करने के लिए एक साथ आना कि इन अधिकारों का सम्मान किया जाए, हमारा गंभीर कर्तव्य है।गरीबी पहले भी अभिशाप थी लेकिन दुनिया में विकास की अ...
इज़रायल हमास युद्ध क्या

इज़रायल हमास युद्ध क्या

BREAKING NEWS, TOP STORIES, विश्लेषण
ईसाई - मुस्लिम युद्ध में बदल जाएगा -इसका दुष्परिणाम हर देश झेलेगा,आज नहीं तो कल, यह युद्ध होगा -वर्तमान में ईरान इसी कोशिश में है - ऐसे आसार बहुत समय से बन रहे थे जिन्हें देख कर लगता था कि एक न दिन विश्व ईसाई-मुस्लिम युद्ध देखेगा - इस्लामिक आतंकियों ने कभी अमेरिका पर, कभी इज़रायल पर और कभी यूरोप के देशों में हमले करके चिंगारी भड़काने की कोशिश की है - ईरान, इराक और पाकिस्तान इस कार्य में आगे रहे हैं - अबकी बार जिस तरह हमास ने यहूदी कौम का नरसंहार किया वह हिटलर के समय में यहूदियों पर की गई बर्बरताके बाद दूसरा प्रयास था यहूदी कौम को ख़त्म करने का - लेकिन इस के पीछे बेशक ईरान का प्रत्यक्ष हाथ नज़र ना आ रहा हो मगर उससे इंकार भी नहीं किया जा सकता, खासकर जिस तरह ईरान इज़रायल के आसपास के इस्लामिक देशों को उसके खिलाफ भड़का रहा है, उसे देख कर यही लगता है कि ईरान इस युद्ध को ईसाई मुस्लिम युद्ध...
नारों से नहीं आचरण से बचेगा सनातन हिंदू धर्म

नारों से नहीं आचरण से बचेगा सनातन हिंदू धर्म

TOP STORIES, धर्म, विश्लेषण, साहित्य संवाद
-विनीत नारायणजब से सोशल मीडिया घर-घर पहुँचा है सब ने अपने परिवारों और मित्रों के ह्वाट्सऐप ग्रुप बना लिए हैं।जिनमें पारिवारिक समाचार से लेकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर रात-दिन बहस चलती रहती है।हमारे परिवार के भी चार पीढ़ी के सदस्य, जो भारत सहित दुनिया के कई देशों में रहते हैं, ऐसे ग्रुप केसदस्य हैं। हमारे इस समूह में तीन ख़ेमे बटे हुए हैं; पहला जो मोदी जी के अंधभक्त हैं। दूसरा जो हिंदुत्व केघोर समर्थक हैं और तीसरा वो जो ईश्वर में तो आस्था रखते हैं परंतु हिंदू रीति रिवाजों या मंदिर जाने मेंउनकी श्रद्धा नहीं है।आजकल टीवी मीडिया में रोज़ाना जिस तरह का धार्मिक उन्माद पैदा किया जाता है उसे देख करप्रभावित हुए हमारे इस समूह में चौथी पीढ़ी के एक युवा ने पिछले दिनों एक पोस्ट डाली, जिसमें उसनेलिखा कि, “हमें भी अपना सनातनी ईको-सिस्टम बनाना चाहिए।” उसकी यह पोस्ट मुझे बहुत रोचकलगी। मैंने पल...
State of Indian Birds’ Survey

State of Indian Birds’ Survey

EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, विश्लेषण, सामाजिक
P K Mishra, SOIB (State of Indian Birds' Survey) published today in The Hindustan Times and other publications must receive the urgent attention of several government agencies besides MOEF so that remaining habitats can yet be saved for future generations. Grasslands need to be preserved is something that governments have not been paying attention to; decision-makers who either do not have the desire, time or inclination to admire or preserve what nature has gifted Bharat. They need to be sent on courses with WWF I and other similar organisations.Same goes for the Marine Environment. While posted at Army HQ in the early nineteen eighties I had the opportunity to present the first paper on Coastal Zone Regulations to Prime Minister Smt. Indira Gandhi. She referred me to Zahur Q...
भारत में निर्मित होने लगे हैं रोजगार के करोड़ों अवसर

भारत में निर्मित होने लगे हैं रोजगार के करोड़ों अवसर

EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, आर्थिक
भारत में निर्मित होने लगे हैं रोजगार के करोड़ों अवसर भारतीय सनातन संस्कृति के बारे में विवेचन करते हुए, भारत में रचित वेद, पुराण एवं परम्पराओं के अनुसार, राजा का यह कर्तव्य माना गया है कि उसके राज्य में निवास कर रही प्रजा में प्रत्येक नागरिक को रोजगार उपलब्ध हो, राजा ऐसी व्यवस्था करे। जब तक भारतीय सनातन संस्कृति का भारत में पालन होता रहा, तब तक लगभग समस्त नागरिकों को रोजगार उपलब्ध होता रहा। प्राचीन भारत में विशेष रूप से गावों में ही रोजगार के पर्याप्त अवसर उपलब्ध रहते थे एवं शहरों की ओर पलायन भी बहुत कम होता था। बेरोजगारी की समस्या के बारे में तो भारत के प्राचीन शास्त्रों में वर्णन ही नहीं मिलता है। समस्त नागरिकों को रोजगार उपलब्ध रहता था एवं वे अपने परिवार के समस्त सदस्यों का भरण पोषण करने में सक्षम रहते थे एवं परिवार के समस्त सदस्यों के साथ प्रसन्नत्ता एवं उत्साह के साथ रहते थे। जब क...
धर्मों विश्वस्य जगतः प्रतिष्ठा”

धर्मों विश्वस्य जगतः प्रतिष्ठा”

EXCLUSIVE NEWS, TOP STORIES, संस्कृति और अध्यात्म, साहित्य संवाद
भारत के साथ सबसे बड़ी समस्या यह है कि आठ सौ वर्षों के निरन्तर आक्रमण के परिणाम स्वरूप हमारी चिन्तन प्रक्रिया बदल गई है। हम एक हजार वर्ष पूर्व जिन शब्दों को जिन अर्थों में ग्रहण करते थे आज ग्रहण कर पाने में असमर्थ हैं। इनमें एक सबसे महत्वपूर्ण शब्द धर्म है। अब्राहमिक मजहबों के आक्रमणों के फलस्वरूप हमने धर्म को मजहब के पर्याय के रूप में प्रयोग करना प्रारम्भ कर दिया। वास्तविकता तो यह है कि उनके यहाँ धर्म जैसी कोई परिकल्पना है ही नहीं। धर्म एक वृहत्तर और व्यापक परिकल्पना है। धर्म परलोक पर आधारित नहीं लोक पर आधारित होता है। धर्म स्वयं के लिए ही नहीं सबके लिए होता है। धर्म की महत्ता उसकी व्यापकता पर निर्भर करती है। धर्म का कर्म स्वयं से प्रारम्भ होकर समष्टि में विलीन होता है। जो कर्म सभी के लिए और सबका है वही धर्म है। धर्म की क्रिया मरने के बाद स्वर्ग के लिए नहीं जीते जी लोक के लिए हो...
पांच राज्यों के चुनाव को कैसे देखें

पांच राज्यों के चुनाव को कैसे देखें

BREAKING NEWS, TOP STORIES, राज्य
अवधेश कुमारचुनाव आयोग ने भले पांच राज्यों के विधानसभाओं की औपचारिक घोषणा अब की है, देश पहले से ही चुनावी मोड में है। काफी समय से पूरी राजनीति की रणनीति 2024 लोकसभा चुनाव के इर्द-गिर्द बनाई जा रही है। लोकसभा चुनावों के पूर्व यही विधानसभा चुनाव हैं और इसके परिणाम कई दृष्टियों से महत्वपूर्ण होंगे। कुल 16 करोड़ 14 लाख मतदाताओं, 679 विधानसभा सीटों तथा 83 लोकसभा स्थानों का महत्व समझना कठिन नहीं है। इन चुनावों के पूर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने संसद का विशेष सत्र बुलाकर महिलाओं को लोकसभा एवं विधानसभाओं में आरक्षण के लिए नारी सम्मान वंदन कानून बना दिया है। इन चुनाव में करीब 7 करोड़ 80 लाख महिला मतदाता हैं। यह पता चलेगा कि महिलाओं को आरक्षण देने से ये कितना प्रभावित हैं। यह चुनाव भाजपा, कांग्रेस तथा क्षेत्रीय स्तर पर बीआरएस यानी भारत राष्ट्र समिति के लिए एक हद तक करो या मरो जैसा है। कांग्...
क्या नई विश्व व्यवस्था के लिए अपरिहार्य है विश्वयुद्ध ? – अनुज अग्रवाल

क्या नई विश्व व्यवस्था के लिए अपरिहार्य है विश्वयुद्ध ? – अनुज अग्रवाल

BREAKING NEWS, TOP STORIES, राष्ट्रीय, सामाजिक
क्या नई विश्व व्यवस्था के लिए अपरिहार्य है विश्वयुद्ध ? - अनुज अग्रवालइसराइल पर हमास द्वारा आतंकी हमला करा, रुस व चीन ने अमेरिका व नाटो पर निर्णायक चोट कर ही दी। हालाँकि मंच पर ईरान , तुर्की व कतर खेल खेल रहे हैं किंतु पर्दे के पीछे डोरियाँ रुस - चीन के हाथो में ही हैं।यह सीधा सीधा अमेरिका पर हमला है और अमेरिका इसी रूप में इसको ले भी रहा है क्योंकि इसराइल का जन्म व अस्तित्व अमेरिका पर ही टिका हुआ है।नृशंस, ख़ूँख़ार व घातक इस युद्ध के लंबा और बहुत लंबा चलने के आसार हैं क्योंकि लगभग सभी इस्लामिक कट्टरपंथी गुट व राष्ट्र इससे जुड़ते जा रहे हैं।  तेल - गैस की आर्थिक व्यवस्था पर क़ब्ज़े के इस खेल में सदियो से चल रहा इस्लाम बनाम ईसाई - यहूदी  संघर्ष भी उभर कर सामने आ गया है, बल्कि इसी को हथियार बनाया है रुस व चीन ने। प्रथम व दूसरे विश्व युद्ध के साथ बनी विश्व व्यवस्था जिसके...
आदर्श भारत का संकल्प एवं घोषणापत्र…

आदर्श भारत का संकल्प एवं घोषणापत्र…

BREAKING NEWS, TOP STORIES, राष्ट्रीय, सामाजिक
जनहित की बात करनेवाला ही जनता के दिल को छुएगा... 1.अच्छी शिक्षा एवं अच्छा स्वास्थ्य सभी के लिए सुनिश्चित होगी।2.निजी अस्पतालों, लैबों एवं बीमा कंपनियां को दी जाने वाली रकम का इस्तेमाल दवा के निर्बाध आपूर्ति एवं टेस्ट और ऑपरेशन हेतु लंबी लाइन को खत्म करने में करेंगे।3.शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा सभी के लिए निशुल्क होगी।4.संपूर्ण देश में शिक्षा का एक समान पाठ्यक्रम होगा। नैतिकता व संस्कारयुक्त गुणवत्तापूर्ण रोजगारपरक समानशिक्षा व्यवस्था लागू की जाएगी।5.प्रत्येक परिवार को कम से कम एक सरकारी नौकरी की गारंटी होगी।6.सभी बेरोजगारों के बेरोजगारी भत्ता में वृद्धि होगी।7.वोट देनेवाले सभी वोटरों को वोटर पेंशन दी जाएगी।8.सभी सरकारी योजनाओं की कड़ी मॉनिटरिंग एवं क्रियान्वयन की समीक्षा होगी।9.सभी सरकारी कर्मचारियों को पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू की जाएगी।10.तुरंत न्याय, सस्ता न्याय, सुलभ न्याय, सभी...